एसडीएफ न्यूज ब्यूरो,खगड़िया
खगड़िया जिले के खरगी तिरासी ग्राम में पांडव कुमार को न्याय दिलाने हेतु बुधवार को एक बैठक आयोजित की गई।जिसकी अध्यक्षता प्रबुद्ध नागरिक रामसेवक सिंह ने की।बैठक में प्रबुद्धजनों द्वारा दिल्ली पुलिस के जघन्य अपराध के लिए आक्रोश व्यक्त किया गया।
इस बैठक में उपस्थित युवा शक्ति के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नागेंद्र सिंह त्यागी ने कहा कि दिल्ली में बिहारी शब्द ही गाली बना दिया गया है।किसी व्यक्ति को यदि बिहारी कह दिया जाता है तो वहां के भाषा में गाली हो जाता है।गाली देते देते वहां की पुलिस गाली को गोली में तब्दील कर दिया।जिसके शिकार खरगी तिरासी निवासी पांडव कुमार बने।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अब बिहारी कहलाना एक सम्मान की बात हो,इसके लिए दिल्ली के सदन में बैठे बिहार के नेताओं के हाथ में है।श्री त्यागी ने बिहार के सभी लोकसभा एवं राज्यसभा के सांसदों से आग्रह करते हुए कहा कि आपलोग अपने पद व प्रतिष्ठा के लिए अलग-अलग दल में रहकर खूब राजनीति कीजिए,लेकिन अब सिर के ऊपर से पानी गुजर गया।बिहार के सम्मान के लिए कम से कम एक हो जाइए।अब दिल्ली या अन्य प्रदेशों में दूसरा पांडव नस्लवाद या क्षेत्रवाद का शिकार नहीं हो,इसके लिए हमें उसकी गोली का जवाब चट्टानी एकता से देना होगा।
इस कड़ी में 30 अप्रैल को खगड़ियावासी के बैनर तले दिल्ली पुलिस के गुंडागर्दी के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया जाएगा।यह प्रदर्शन न किसी राजनीतिक अथवा समाजिक और न हीं किसी जातिगत संगठन के तहत होगा।प्रदर्शन में पांडव के हत्यारे को फांसी, पांडव के परिजन को एक करोड़ रुपया मुआवजा और पांडव के परिजन को सरकारी नौकरी की मांग प्रमुख रहेगा।
बैठक में उपस्थित रामपुर पंचायत के मुखिया कृष्णानंद यादव एवं सामाजिक कार्यकर्ता आशुतोष यादव ने खगड़ियावासी से आह्वान किया कि दलगत और जातिगत भावनाओं को त्याग कर खगड़िया के सवाल पर प्रदर्शन में शामिल हो।
इस अवसर पर रामबालक सिंह, रमेश चौधरी,चंद्रशेखर तांती, मंटू सिंह,रामप्रवेश सिंह,डाॅ. चंद्रशेखर,दिलचन सिंह,मनोहर राम,उपेंद्र साह,रंजीत सिंह, रोहित कुमार,अमलेश सिंह, सागर तांती इत्यादि सहित दर्जनों प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित थे।

एसडीएफ न्यूज ब्यूरो,खगड़िया













