एसडीएफ न्यूज ब्यूरो,खगड़िया
खगड़िया:सबसे बड़ा प्रश्न यह है कि आखिर पिछले तीन महीनों में पसराहा से खगड़िया के बीच लगभग सौ से अधिक लोगों की मौतों का जिम्मेदार कौन है?कब तक राष्ट्रीय राजमार्ग-31का यह हिस्सा लोगों की जान लेता रहेगा?क्या प्रशासन और संबंधित विभाग किसी और बड़ी त्रासदी की प्रतीक्षा कर रहे हैं?उक्त बातें परबत्ता विधानसभा के पूर्व विधायक डॉ संजीव कुमार ने कही।
उन्होंने कहा कि,पसराहा थाना क्षेत्र अंतर्गत NH-31 पर एक बार फिर सड़क दुर्घटना में देवठा पंचायत के मुखिया आलोक जी के भाई की दर्दनाक मौत हो गयी।इस तरह की घटना न केवल एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है,बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गहरी पीड़ा और चिंता का विषय बन जाता है।लेकिन यह कहने में कहीं संकोच नहीं है कि,पसराहा–खगड़िया के बीच राष्ट्रीय राजमार्ग- 31आज भय और असुरक्षा का पर्याय बन चुका है।लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाएं यह स्पष्ट संकेत दे रही है कि इस मार्ग पर तत्काल और प्रभावी सुरक्षा उपायों की सख्त आवश्यकता है।
डॉक्टर संजीव का कहना है कि उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, जिला प्रशासन,परिवहन विभाग, पथ निर्माण विभाग एवं राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण से आग्रह करता हूं कि जनहित में पसराहा– खगड़िया मार्ग पर अविलंब निर्धारित स्पीड लिमिट का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए।दुर्घटना संभावित स्थलों पर स्पीड ब्रेकर,चेतावनी संकेतक एवं पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की व्यवस्था की जाए।उन्होंने कहा कि,खगड़िया से पसराहा तक के हिस्से को “एक्सीडेंट-प्रोन ज़ोन” घोषित कर विशेष निगरानी एवं सुरक्षा उपाय लागू किए जाए।क्षेत्र में शीघ्र ट्रॉमा सेंटर की स्थापना की जाए,ताकि दुर्घटना के बाद समय पर उपचार उपलब्ध हो सके और बहुमूल्य जानें बचाई जा सके।















