एसडीएफ न्यूज ब्यूरो,खगड़िया
नगर परिषद सुल्तानगंज में ड्यूटी के दौरान कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण प्रसाद की गोली मारकर हत्या किए जाने की हृदयविदारक घटना ने पूरे जिले को गहरे शोक में डुबो दिया है।इस दुखद घटना के विरोध में नगर परिषद खगड़िया कार्यालय परिसर में नगर सभापति अर्चना कुमारी के नेतृत्व में एक विस्तृत एवं भावुक शोक सभा का आयोजन किया गया,जिसमें जनप्रतिनिधियों,कर्मचारियों तथा शहर के गणमान्य नागरिकों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही।
शोक सभा की शुरुआत दो मिनट के मौन के साथ हुई।उपस्थित सभी लोगों ने खड़े होकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।पूरे परिसर में शोक,संवेदना और आक्रोश का माहौल स्पष्ट रूप से देखा गया।
इस अवसर पर नगर परिषद खगड़िया के कार्यपालक पदाधिकारी सिंधु कमल ने अपने संबोधन में कहा कि यह घटना न केवल एक अधिकारी की हत्या है,बल्कि यह पूरे प्रशासनिक तंत्र और कानून-व्यवस्था के लिए एक गंभीर चेतावनी है।उन्होंने कहा कि स्वर्गीय कृष्ण भूषण प्रसाद जी एक कर्तव्यनिष्ठ, ईमानदार एवं समर्पित अधिकारी थे,जिनकी कार्यशैली से सभी प्रेरित थे।
उन्होंने प्रशासन द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपियों को मुठभेड़ में मार गिराए जाने को कानून के प्रति सख्त रुख का उदाहरण बताया और कहा कि इससे अपराधियों में भय का माहौल बनेगा।
नगर सभापति अर्चना कुमारी ने अपने संबोधन में इस घटना को अत्यंत निंदनीय एवं दुखद बताते हुए कहा कि एक अधिकारी की ड्यूटी के दौरान इस तरह हत्या होना पूरे समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय है।उन्होंने कहा कि यह केवल एक व्यक्ति की नहीं,बल्कि पूरे सिस्टम पर हमला है।उन्होंने प्रशासन की तत्परता की सराहना करते हुए कहा कि 24 घंटे के भीतर दोषियों के खिलाफ हुई सख्त कार्रवाई यह दर्शाती है कि कानून का राज स्थापित करने के लिए सरकार और प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
सभापति प्रतिनिधि ज्योतिष मिश्रा ने कहा कि यह घटना मानवता को झकझोर देने वाली है।उन्होंने कहा कि जब एक जिम्मेदार अधिकारी सुरक्षित नहीं है,तो आम नागरिकों की सुरक्षा पर भी सवाल उठता है।हालांकि,उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन द्वारा की गई त्वरित कार्रवाई ने जनता के मन में विश्वास को फिर से मजबूत किया है।उन्होंने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा,सुरक्षा एवं न्याय दिलाने की मांग दोहराई।
सभा में उपस्थित उपसभापति प्रतिनिधि मोहम्मद शहाबुद्दीन, वार्ड पार्षद गुलशन कुमार,प्रधान लिपिक जितेंद्र कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं कर्मचारियों ने भी घटना की कड़ी निंदा करते हुए दिवंगत आत्मा के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक स्वर में दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और उनके परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए इस दुख की घड़ी में उनके साथ खड़े रहने का संकल्प लिया।
यह शोक सभा केवल श्रद्धांजलि अर्पित करने तक सीमित नहीं रही,बल्कि यह एक मजबूत संदेश भी रही कि समाज और प्रशासन मिलकर ऐसे जघन्य अपराधों के खिलाफ एकजुट हैं और अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।















